लखनऊ : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को प्रदेश में संचालित और प्रस्तावित भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की विभिन्न सड़क परियोजनाओं की प्रगति की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उच्चस्तरीय समीक्षा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इंफ्रास्ट्रक्चर विकास आवश्यक है, लेकिन पर्यावरण की कीमत पर नहीं होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकास और पर्यावरण का संतुलन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि किसी भी परियोजना में केवल अपरिहार्य स्थिति में ही वृक्षों का कटान किया जाए और जितने वृक्ष काटे जाएं, उससे अधिक संख्या में पौधरोपण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी बताया कि इस वर्ष उत्तर प्रदेश में 35 करोड़ पौधरोपण का लक्ष्य रखा गया है।
परियोजनाओं के समयबद्ध निस्तारण के लिए मुख्यमंत्री ने उत्तरदायित्व तय करते हुए कहा कि जिलाधिकारी साप्ताहिक और मुख्य सचिव पाक्षिक स्तर पर कार्यों की गहन समीक्षा करें। किसी भी स्तर पर लंबित विषयों का त्वरित निराकरण किया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने NHAI और जिला प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी जोर दिया, ताकि सड़क परियोजनाएं बिना किसी विलंब के पूर्ण हों। उन्होंने कहा कि ये परियोजनाएं उत्तर प्रदेश के आर्थिक विकास और औद्योगिक विस्तार का आधार हैं।
जनहित की इन परियोजनाओं में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि भूमि अधिग्रहण के लिए किसानों से सीधा संवाद किया जाए और बिचौलियों का कोई हस्तक्षेप न हो। साथ ही, परियोजनाओं की गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
