नई दिल्ली (डिजिटल डेस्क): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में आज एक नए युग की शुरुआत हुई। 45 वर्षीय नितिन नबीन को औपचारिक रूप से भाजपा का 12वां राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किया गया है। उन्होंने जेपी नड्डा का स्थान लिया। नबीन भाजपा के इतिहास में अब तक के सबसे युवा अध्यक्ष बन गए हैं। खास बात यह है कि जिस वर्ष (1980) भाजपा की स्थापना हुई थी, उसी वर्ष नितिन नबीन का जन्म भी हुआ था।
पीएम मोदी और दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में मिला प्रमाण पत्र
भाजपा मुख्यालय में आयोजित भव्य कार्यक्रम में संगठनात्मक चुनावों के रिटर्निंग ऑफिसर के. लक्ष्मण ने परिणामों की घोषणा की और नबीन को चुनाव प्रमाण पत्र सौंपा। इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, निर्वतमान अध्यक्ष जेपी नड्डा, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह और नितिन गडकरी समेत पार्टी के तमाम वरिष्ठ नेता बने।
पद नहीं, यह संकल्प का क्षण है: नितिन नबीन
अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभालने के बाद अपने पहले संबोधन में नितिन नबीन भावुक नजर आए। उन्होंने कहा:
”आज मैं केवल पद ग्रहण नहीं कर रहा हूँ, बल्कि पार्टी की विचारधारा, परंपराओं और राष्ट्रवादी आंदोलन की जिम्मेदारी को स्वीकार कर रहा हूँ। 140 करोड़ भारतीय आज ‘विकसित भारत’ के सपने से जुड़ रहे हैं और इसके लिए मैं प्रधानमंत्री जी का आभार व्यक्त करता हूँ।”
आगामी चुनाव और डेमोग्राफी की चुनौती
नितिन नबीन ने पद संभालते ही आगामी चुनावी चुनौतियों पर भी बात की। उन्होंने कहा कि अगले कुछ महीनों में तमिलनाडु, असम, बंगाल, केरल और पुडुचेरी में चुनाव होने वाले हैं। वहां बदलते जनसांख्यिकीय (Demography) समीकरण एक चुनौती हैं, लेकिन भाजपा कार्यकर्ता अपने परिश्रम के बल पर इन राज्यों में सशक्त नेतृत्व प्रदान करेंगे।
राम मंदिर और धारा 370 का किया जिक्र
अपने भाषण में नबीन ने भाजपा के संघर्ष के दिनों को याद करते हुए ‘राम लला हम आएंगे’ और ‘एक देश में दो विधान’ जैसे नारों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं ने वह दौर देखा जब अयोध्या में राम मंदिर बना और कश्मीर से धारा 370 हटी। उन्होंने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि हमने वह दौर भी देखा जब कश्मीर में पाकिस्तान के झंडे लहराते थे और दिल्ली मौन थी, लेकिन आज श्रीनगर के लाल चौक पर तिरंगा गर्व से लहरा रहा है।
