उन्नाव । जनपद की तहसील बीघापुर अंतर्गत गंगा तट पर स्थित प्रसिद्ध आस्था का केंद्र, मां चंद्रिका देवी मंदिर शुक्रवार देर रात चोरी की एक बड़ी वारदात से दहल उठा। उन्नाव, रायबरेली, फतेहपुर और कानपुर समेत कई जिलों के लाखों श्रद्धालुओं की आस्था के इस केंद्र में हुई चोरी ने मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है।
सीसीटीवी के बावजूद वारदात, अंदरूनी मिलीभगत की आशंका
हैरानी की बात यह है कि मंदिर परिसर में सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षाकर्मियों की तैनाती होने के बावजूद शातिर चोरों ने माता के सोने-चांदी के कीमती आभूषणों पर हाथ साफ कर दिया। शनिवार सुबह जैसे ही चोरी की जानकारी मिली, मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जमा हो गई। आक्रोशित लोगों का कहना है कि इतने सुरक्षित माने जाने वाले स्थान पर ऐसी वारदात बिना किसी ‘अंदरूनी मिलीभगत’ के संभव नहीं है।
पुलिस और प्रशासन ने शुरू की जांच
घटना की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्राधिकारी बीघापुर और थाना बारासगवर पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस टीम ने मंदिर के चप्पे-चप्पे का निरीक्षण किया और सीसीटीवी फुटेज को अपने कब्जे में ले लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि चोरों की पहचान के लिए तकनीकी साक्ष्यों का सहारा लिया जा रहा है।
”हम सीसीटीवी कैमरों की बारीकी से जांच कर रहे हैं। कुछ संदिग्धों पर नजर है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर चोरी का माल बरामद कर लिया जाएगा।” — पुलिस प्रशासन
श्रद्धालुओं में भारी रोष
बक्सर धाम न केवल एक धार्मिक स्थल है, बल्कि यह क्षेत्र की सांस्कृतिक धरोहर भी है। श्रद्धालुओं ने प्रशासन से मांग की है कि:
- दोषियों को अविलंब गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाए।
- मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था की नए सिरे से समीक्षा हो।
- भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं।
फिलहाल, इस घटना ने बक्सर धाम की सुरक्षा और प्रशासन की मुस्तैदी पर बड़े सवालिया निशान लगा दिए हैं। अब देखना यह है कि पुलिस कितनी जल्दी इस सनसनीखेज चोरी का खुलासा कर पाती है।
