मनोज शर्मा
लखनऊ।अमराई गांव स्थित एसबीएम पब्लिक स्कूल में 77वां गणतंत्र दिवस बड़े ही हर्षोल्लास, देशभक्ति और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। विद्यालय परिसर को तिरंगे रंगों, राष्ट्रीय ध्वज एवं देशभक्ति के प्रतीकों से आकर्षक ढंग से सजाया गया, जिससे वातावरण राष्ट्रप्रेम से ओतप्रोत दिखाई दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ विशिष्ट अतिथियों, शिक्षकों, अभिभावकों एवं छात्र-छात्राओं के स्वागत के साथ हुआ। कार्यक्रम का संचालन श्री अजीत कुमार सिंह ने किया। सह-संचालन में सुश्री महिमा पॉल एवं श्री अनिकेत सिंह मौजूद रहे।
समारोह के मुख्य अतिथि डॉ. ओ.पी. सिंह, डीआईजी (सेवानिवृत्त), उत्तर प्रदेश रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में श्री बाबू सिंह सिसोदिया (सेवानिवृत्त बैंक अधिकारी एवं अध्यक्ष, गोमती नगर विकास समिति) उपस्थित रहे। इसके अलावा समाजसेवी एवं श्रमिक संघ नेता श्री दिनेश मिश्रा तथा उच्च न्यायालय के अधिवक्ता श्री अनुभव शुक्ला की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम में विद्यालय के निदेशक श्री आर.सी. मिश्रा, प्रधानाचार्य श्री सरित घोष, शिक्षकगण, अभिभावक एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की भूमिका कक्षा सात की छात्रा शिवांगी यादव ने उद्घाटन भाषण के माध्यम से प्रस्तुत की। उन्होंने गणतंत्र दिवस के महत्व एवं भारतीय संविधान की गरिमा पर प्रकाश डालते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों को प्रभावी ढंग से रखा।
विद्यालय के निदेशक श्री आर.सी. मिश्रा ने अपने संबोधन में स्वतंत्रता संग्राम, संविधान निर्माण तथा देश की आर्थिक, शैक्षिक एवं बुनियादी ढांचे में हुई प्रगति पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास हेतु शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सुधार के लिए प्रतिबद्धता जताई।
मुख्य अतिथि डॉ. ओ.पी. सिंह ने स्वतंत्रता के बाद भारत की विकास यात्रा और संविधान निर्माण की ऐतिहासिक प्रक्रिया पर प्रेरणादायक विचार रखे। कार्यक्रम का भावुक क्षण तब आया, जब उन्होंने देशभक्ति गीत “ऐ मेरे वतन के लोगों” प्रस्तुत किया, जिससे श्रोतागण भावविभोर हो उठे।
विशिष्ट अतिथि श्री बाबू सिंह सिसोदिया ने विद्यालय की शिक्षण व्यवस्था की सराहना करते हुए विद्यार्थियों के जीवन में योग, ध्यान एवं अनुशासन के महत्व पर जोर दिया। वहीं श्री दिनेश मिश्रा एवं श्री अनुभव शुक्ला ने शिक्षा को राष्ट्र निर्माण की आधारशिला बताते हुए विद्यार्थियों को लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया। दोनों अतिथियों ने विद्यालय के शैक्षिक विकास में हरसंभव सहयोग का आश्वासन भी दिया।
इस अवसर पर आरुषि यादव, सृष्टि बरनवाल, त्रिशा गुप्ता, सृष्टि सिंह, आकांक्षा पटेल एवं श्रेयस बरनवाल सहित कई विद्यार्थियों ने प्रभावशाली भाषण प्रस्तुत किए।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में समूह नृत्य, देशभक्ति गीत एवं शास्त्रीय नृत्य प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त नृत्यांगना सीमा पाल द्वारा कोरियोग्राफ किया गया कथक नृत्य विशेष रूप से सराहा गया। आस्था की नृत्य प्रस्तुति, श्री ज्योतिर्मणि तिवारी के निर्देशन में मंचित नाटक “आख़िरी तोहफ़ा” तथा द्रौपदी चीरहरण पर आधारित प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम का समापन प्रधानाचार्य श्री सरित घोष द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। इसके बाद जादूगर रूपेश द्वारा प्रस्तुत जादू कार्यक्रम ने समारोह में उत्साह और आनंद का संचार किया।
समारोह ने सभी के मन में देशभक्ति, एकता और राष्ट्रीय उत्तरदायित्व की भावना को और अधिक सुदृढ़ किया।
