संवाददाता /सूर्यपाल (प्रोटेक)
पाटन, उन्नाव। फाल्गुन माह में मनाए जाने वाले महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर पाटन क्षेत्र में श्रद्धा और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। धार्मिक मान्यता के अनुसार इसी दिन भगवान शिव का विवाह माता पार्वती के साथ संपन्न हुआ था। इस अवसर पर भक्तों ने व्रत रखकर चार प्रहर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर जलाभिषेक किया और सुख-समृद्धि की कामना की।
विद्वानों के अनुसार माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में पाने के लिए कठोर तपस्या की थी, जो महाशिवरात्रि के दिन पूर्ण हुई थी। इसी आस्था के साथ श्रद्धालु अखंड सौभाग्य और पारिवारिक सुख के लिए यह व्रत रखते हैं।
महाशिवरात्रि के अवसर पर पाटन क्षेत्र के सोहरामऊ, सिजनी, मोहकमगंज, परसंडा, पनहन सहित कई गांवों में स्थित शिव मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना, हवन एवं विशाल भंडारों का आयोजन किया गया। मंदिरों को आकर्षक ढंग से सजाया गया और सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें दर्शन के लिए लगी रहीं।
कई स्थानों पर मेले का आयोजन भी किया गया, जहां श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया और भक्ति गीतों के बीच “हर-हर महादेव” के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
स्थानीय प्रशासन द्वारा सुरक्षा एवं व्यवस्था के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए थे, जिससे पर्व शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित रूप से संपन्न हुआ। पूरे क्षेत्र में महाशिवरात्रि का पर्व हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया गया।
