बाराबंकी।जनपद में शोर मचाने वाले और नियमों की धज्जियाँ उड़ाने वाले वाहन चालकों के खिलाफ परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने मोर्चा खोल दिया है। माननीय उच्च न्यायालय के सख्त निर्देशों के अनुपालन में, मंगलवार को प्रशासन ने मॉडिफाइड साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न के विरुद्ध एक व्यापक चेकिंग अभियान चलाया। इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया है।
संयुक्त टीम की बड़ी कार्रवाई
मंगलवार को एआरटीओ अंकिता शुक्ला, यात्री मालकर अधिकारी रविचन्द्र त्यागी और यातायात उपनिरीक्षक नसीर सिद्दीकी की संयुक्त टीम ने शहर के विभिन्न हिस्सों में सघन चेकिंग की। इस दौरान टीम ने विशेष रूप से उन बुलेट मोटरसाइकिलों को निशाना बनाया जिनमें अवैध रूप से मॉडिफाइड साइलेंसर लगाए गए थे।
11 बुलेट वाहन सीज, 12 का चालान
अभियान के दौरान टीम ने नियमों का उल्लंघन करने वाली 11 बुलेट गाड़ियों को जब्त कर थानों में निरुद्ध (सीज) कर दिया है। इसके साथ ही 12 अन्य वाहनों का विभिन्न कमियों के चलते चालान काटा गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भारी ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले साइलेंसरों को मौके पर ही नष्ट करने और वाहनों को सीज करने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।
15,000 रुपये तक का जुर्माना
अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि मॉडिफाइड साइलेंसर का प्रयोग करने वाले चालकों पर 15,000 रुपये तक का भारी जुर्माना लगाया जा रहा है। एआरटीओ अंकिता शुक्ला ने बताया कि ध्वनि प्रदूषण शहर की शांति और बुजुर्गों-मरीजों की सेहत के लिए हानिकारक है। उन्होंने साफ लहजे में कहा कि यह अभियान निरंतर जारी रहेगा और भविष्य में भी नियमों का उल्लंघन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
