मुख्य अतिथि पुष्पेन्द्र प्रताप सिंह ने जातीय भेदभाव मिटाकर सामाजिक एकता बढ़ाने की अपील की
उन्नाव। भगवंतनगर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम नंदुलन खेड़ा में मंगलवार को पारंपरिक आल्हा गायन एवं विराट दंगल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रसेवक पुष्पेन्द्र प्रताप सिंह शामिल हुए। गांव पहुंचने पर ग्रामवासियों और आयोजन समिति की ओर से उनका फूल-मालाओं से स्वागत किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पुष्पेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि आल्हा गायन और दंगल भारतीय लोक संस्कृति तथा वीर परंपरा के महत्वपूर्ण प्रतीक हैं। ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी को अपनी लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित होने वाले खेल कार्यक्रम युवाओं को शारीरिक रूप से मजबूत बनाने के साथ उनमें अनुशासन और प्रतिस्पर्धा की भावना भी विकसित करते हैं।
उन्होंने समाज में आपसी भाईचारे और सहयोग की भावना को मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने उपस्थित लोगों से जातीय भेदभाव को समाप्त कर सामाजिक एकता और समरसता को बढ़ावा देने की अपील की। साथ ही आयोजन समिति को सफल आयोजन के लिए बधाई दी।
कार्यक्रम के दौरान आल्हा गायन ने लोगों को वीरगाथाओं और लोक परंपराओं से रूबरू कराया। इसके बाद आयोजित दंगल प्रतियोगिता में विभिन्न स्थानों से आए पहलवानों ने अखाड़े में दमदार दांव-पेच दिखाए। पहलवानों के मुकाबले देखने के लिए आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंचे और खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया।
इस अवसर पर सुविख्यात कवि एवं सामाजिक चिंतक कमलेश शुक्ल, ग्राम प्रधान गंगाप्रसाद यादव, प्रधान अमरेंद्र यादव, अमर सिंह, आरके सिंह मामाजी, शेषपाल, प्रधान पंकज बाबाजी सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय ग्रामीण मौजूद रहे।
