पाटन, उन्नाव। तहसील बीघापुर क्षेत्र के अंतर्गत लोन नदी के किनारे बसे कई गांवों में लगातार हो रही बारिश के चलते बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। बारिश के कारण लोन नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है और नदी का पानी अब आबादी वाले क्षेत्रों के नजदीक पहुंचने लगा है। इससे ग्रामीणों में चिंता का माहौल है।
बताया जा रहा है कि कई वर्षों बाद लोन नदी का पानी इस तरह गांवों के करीब पहुंचा है। नदी के किनारे स्थित खेतों में पानी भरने से किसानों की खड़ी फसलें जलमग्न हो गई हैं। कई स्थानों पर फसलें पूरी तरह पानी में डूब चुकी हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान की आशंका है।
लगातार बारिश से बिगड़ सकते हैं हालात
ग्रामीणों का कहना है कि यदि बारिश का सिलसिला इसी तरह जारी रहा तो लोन नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है। ऐसे में नदी के किनारे बसे गांवों में जलभराव की स्थिति गंभीर होने की आशंका है। पानी बढ़ने से ग्रामीणों के आवागमन के साथ-साथ पशुओं के चारे और रोजमर्रा की जरूरतों को लेकर भी परेशानियां बढ़ सकती हैं।
किसानों के मुताबिक खेतों में खड़ी फसलें पानी में डूबने से महीनों की मेहनत बर्बाद होने के कगार पर है। यदि समय रहते पानी कम नहीं हुआ तो फसलों के पूरी तरह नष्ट होने की संभावना है, जिससे किसानों पर आर्थिक संकट गहरा सकता है।
प्रशासन से निगरानी और राहत की मांग
बाढ़ की आशंका को देखते हुए ग्रामीणों ने प्रशासन से क्षेत्र का तत्काल निरीक्षण कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि लोन नदी के जलस्तर की लगातार निगरानी, संवेदनशील गांवों में आवश्यक तैयारियां और प्रभावित किसानों के फसल नुकसान का आकलन कराया जाना चाहिए।
ग्रामीणों ने मांग की है कि जलभराव से प्रभावित किसानों को नियमानुसार राहत एवं उचित मुआवजा दिलाने की कार्रवाई की जाए। साथ ही यदि नदी का जलस्तर और बढ़ता है तो ग्रामीणों और पशुओं की सुरक्षा के लिए पहले से आवश्यक इंतजाम किए जाएं।
फिलहाल लगातार बारिश और बढ़ते जलस्तर के बीच लोन नदी के किनारे बसे गांवों के ग्रामीणों की निगाह प्रशासन की तैयारियों पर टिकी हुई है। बारिश जारी रहने पर आने वाले दिनों में बाढ़ का खतरा और गंभीर हो सकता है।
