नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को पूर्वोत्तर भारत के तीन प्रमुख राज्यों—मेघालय, त्रिपुरा और मणिपुर—के स्थापना दिवस के अवसर पर वहां के नागरिकों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इस विशेष अवसर पर प्रधानमंत्री ने इन राज्यों के मुख्यमंत्रियों और संवैधानिक प्रमुखों को व्यक्तिगत पत्र लिखकर राज्यों की सांस्कृतिक समृद्धि, प्राकृतिक सुंदरता, शौर्य और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान की मुक्तकंठ से सराहना की।
मेघालय: प्रकृति और महिला सशक्तिकरण का केंद्र
मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा को लिखे पत्र में पीएम मोदी ने मेघालय की विशिष्ट पहचान का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि खासी, गारो और जैंतिया समुदायों की समृद्ध परंपराएं राज्य को गौरव प्रदान करती हैं। प्रधानमंत्री ने विशेष रूप से मेघालय के लोगों की प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता और महिलाओं के सशक्तिकरण के प्रयासों की प्रशंसा की। उन्होंने साल 2016 की अपनी शिलांग यात्रा और स्वर्गीय पी.ए. संगमा के नेतृत्व में हुई प्रगति को भी याद किया।
त्रिपुरा: आर्थिक सुधार और सांस्कृतिक गौरव
त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा को भेजे संदेश में प्रधानमंत्री ने राज्य के लोगों की ऊर्जा और सांस्कृतिक विरासत की प्रशंसा की। पीएम ने वर्ष 2025 में नवरात्रि के दौरान माता त्रिपुर सुंदरी मंदिर में किए गए दर्शन और वहां के विकास कार्यों के निरीक्षण का भावपूर्ण स्मरण किया। उन्होंने त्रिपुरा में हो रहे आर्थिक सुधारों, बढ़ते निवेश और युवाओं के लिए सृजित हो रहे रोजगार के नए अवसरों को राज्य के उज्ज्वल भविष्य का संकेत बताया।
मणिपुर: कला, खेल और स्वाधीनता का प्रतीक
मणिपुर के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला को संबोधित पत्र में प्रधानमंत्री ने राज्य की कला, संस्कृति और खेल जगत में मणिपुर के दबदबे को देश का गौरव बताया। उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में मणिपुर के ऐतिहासिक योगदान को याद करते हुए नेताजी सुभाष चंद्र बोस द्वारा तिरंगा फहराए जाने की घटना का उल्लेख किया। पीएम ने मणिपुर के वीरों के बलिदान को नमन करते हुए कहा कि उनकी कुर्बानियां राष्ट्र को सदैव प्रेरित करती रहेंगी।
नेताओं ने व्यक्त किया आभार
इन पत्रों को संबंधित राज्यों के मुख्यमंत्रियों और नेताओं ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर साझा किया। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के निरंतर समर्थन और पूर्वोत्तर राज्यों के प्रति उनके विशेष लगाव के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया।
